रायपुर, 21 मई। Smart City : आज देश के सबसे तेजी से विकसित हो रहे स्मार्ट शहरों में शामिल हो चुका है। आधुनिक अधोसंरचना, हरित विकास, शिक्षा, स्वास्थ्य, आईटी, पर्यटन और महिला सशक्तिकरण के क्षेत्र में लगातार हो रही प्रगति ने इसे भविष्य के भारत का आदर्श शहरी मॉडल बना दिया है।
स्मार्ट अधोसंरचना और जल प्रबंधन
शहर में 52 एमएलडी क्षमता वाले अत्याधुनिक जल शोधन संयंत्र और पाइपलाइन नेटवर्क के जरिए दीर्घकालिक पेयजल आपूर्ति सुनिश्चित की गई है। वहीं 10.66 किलोमीटर लंबी बायोस्वेल्स, रिचार्ज पिट्स और प्राकृतिक जल निकासी तंत्र से वर्षाजल संरक्षण और भूजल पुनर्भरण को मजबूती मिली है।
परिवहन और कनेक्टिविटी को नई गति
रायपुर-राजिम रेल सेवा का विस्तार सीबीडी स्टेशन तक किया गया है। महिलाओं की सुरक्षित यात्रा और स्वरोजगार को बढ़ावा देने के लिए पिंक ई-रिक्शा सेवा शुरू की गई है। साथ ही ई-बस संचालन के लिए चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर तैयार हो चुका है।
एडूसिटी और मेडिसिटी का विकास
लगभग 200 एकड़ में विकसित हो रही एडूसिटी में, और जैसे राष्ट्रीय संस्थानों को भूमि आवंटित की गई है। करीब 500 एकड़ क्षेत्र में विश्वस्तरीय मेडिसिटी विकसित की जा रही है, जहां सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल, मेडिकल कॉलेज और आधुनिक स्वास्थ्य सुविधाएं विकसित होंगी। को 300 बिस्तरों वाले अस्पताल के लिए भूमि आवंटित की जा चुकी है।
आईटी, एआई और सेमीकंडक्टर हब के रूप में पहचान
नवा रायपुर में राज्य का पहला SEZ आधारित एआई डेटा सेंटर पार्क स्थापित किया जा रहा है, जिसमें लगभग 4,000 करोड़ रुपये के निजी निवेश की संभावना है। यहां भारत का पहला GaN तकनीक आधारित सेमीकंडक्टर प्लांट भी विकसित किया जाएगा।
महिला सशक्तिकरण और श्रमिक कल्याण
कार्यरत महिलाओं के लिए 1,000 क्षमता वाले वर्किंग वुमन हॉस्टल और प्रवासी श्रमिकों के लिए 1,100 क्षमता वाले श्रमिक आवास भवन का निर्माण किया जा रहा है। “पीपल फॉर पीपल” अभियान के तहत 1 लाख से अधिक पौधे लगाए गए हैं। शहर के 26 प्रतिशत हरित क्षेत्र को संरक्षित और विस्तारित करने की दिशा में लगातार कार्य किया जा रहा है। नवा रायपुर अटल नगर योजनाबद्ध विकास, आधुनिक सुविधाओं और सतत शहरीकरण का मजबूत उदाहरण बन चुका है। आने वाले वर्षों में यह शहर देश के सबसे आधुनिक और निवेश-अनुकूल शहरों में अग्रणी स्थान हासिल करने की ओर तेजी से बढ़ रहा है।
