रायपुर, 21 अप्रैल। PM Awaas Yojanja : छत्तीसगढ में साय सरकार के नेतृत्व में जनकल्याणकारी योजनाओं का प्रभाव ग्रामीण क्षेत्रों में साफ दिखाई दे रहा है। प्रधानमंत्री आवास योजना के माध्यम से गरीब परिवारों का पक्का घर का सपना तेजी से साकार हो रहा है।
कच्चे मकान से पक्के घर तक का सफर
गौरेला जनपद पंचायत के ग्राम पंचायत गोरखपुर में श्री मन्नू राठौर और उनकी पत्नी श्रीमती बिमला राठौर का जीवन इस योजना से पूरी तरह बदल गया है। पहले यह परिवार कच्चे और जर्जर मकान में रहता था, जहां हर मौसम में कठिनाइयों का सामना करना पड़ता था। बरसात में टपकती छत और असुरक्षित माहौल उनके लिए बड़ी समस्या थी।
सरकारी सहायता बनी नई उम्मीद
वित्तीय वर्ष 2024-25 में उन्हें प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत 1 लाख 20 हजार रुपये की स्वीकृति मिली। इस सहायता राशि ने उनके जीवन में नई आशा जगाई और उन्होंने अपनी मेहनत से धीरे-धीरे पक्का घर तैयार कर लिया।
अब सुरक्षित और सम्मानजनक जीवन
आज यह परिवार एक मजबूत और सुरक्षित घर में रह रहा है। बच्चों को पढ़ाई के लिए बेहतर वातावरण मिला है और पूरे परिवार के जीवन स्तर में सुधार हुआ है। श्रीमती बिमला राठौर बताती हैं कि अब उन्हें बारिश या तूफान की कोई चिंता नहीं रहती और वे सम्मान के साथ जीवन जी रही हैं। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में प्रदेश सरकार अंतिम व्यक्ति तक योजनाओं का लाभ पहुंचाने के लिए लगातार प्रयास कर रही है। इसी प्रतिबद्धता के कारण हजारों जरूरतमंद परिवारों को पक्का आवास, सुरक्षा और सम्मान मिल रहा है।

