Vice President Election 2025: नई दिल्ली। आगामी उपराष्ट्रपति चुनाव को लेकर राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) ने अपने उम्मीदवार के रूप में सीपी राधाकृष्णन (C.P. Radhakrishnan) को मैदान में उतारा है। बुधवार को उन्होंने उपराष्ट्रपति पद के लिए अपना नामांकन दाखिल कर दिया।

Vice President Election 2025: इस मौके पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी उनके पहले प्रस्तावक के तौर पर मौजूद रहे। उनके साथ केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा और अन्य प्रमुख नेता भी उपस्थित थे। यह पूरा आयोजन संसद भवन परिसर में संपन्न हुआ, जहां राधाकृष्णन ने सबसे पहले गांधी प्रतिमा पर पुष्प अर्पित कर अपनी श्रद्धांजलि दी।
नामांकन में दिखी एनडीए की एकजुटता
Vice President Election 2025: नामांकन के दौरान एनडीए के भीतर गजब की एकजुटता देखने को मिली। बीजेपी और उसके सहयोगी दलों के वरिष्ठ नेता और सांसद बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। प्रमुख नेताओं में एनसीपी नेता प्रफुल्ल पटेल, एलजेपी के चिराग पासवान, जेडीयू के ललन सिंह, हिंदुस्तानी अवाम मोर्चा के जीतन राम मांझी, केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू और अर्जुन राम मेघवाल शामिल रहे। इस व्यापक समर्थन के साथ एनडीए ने एक बार फिर यह संदेश देने की कोशिश की है कि वह उपराष्ट्रपति चुनाव को लेकर पूरी तरह एकजुट और तैयार है।
9 सितंबर को होगा मतदान, उसी दिन आएगा नतीजा
Vice President Election 2025: उपराष्ट्रपति चुनाव की प्रक्रिया भी तेजी से आगे बढ़ रही है। नामांकन दाखिल करने की अंतिम तिथि 21 अगस्त है, जबकि उम्मीदवार 25 अगस्त तक अपनी उम्मीदवारी वापस ले सकते हैं। मतदान 9 सितंबर को होगा और उसी दिन मतगणना के बाद परिणाम भी घोषित कर दिया जाएगा।
Vice President Election 2025: इस बार का उपराष्ट्रपति चुनाव इसलिए भी खास है क्योंकि इसमें दोनों प्रमुख उम्मीदवार दक्षिण भारत से हैं। जहां एनडीए ने तमिलनाडु से ताल्लुक रखने वाले सीपी राधाकृष्णन को अपना उम्मीदवार बनाया है, वहीं विपक्षी गठबंधन ने सुप्रीम कोर्ट के सेवानिवृत्त न्यायाधीश बी. सुदर्शन रेड्डी को मैदान में उतारा है। बी. सुदर्शन रेड्डी 21 अगस्त को अपना नामांकन दाखिल करेंगे।
चार दशक से अधिक का राजनीतिक अनुभव
Vice President Election 2025: 68 वर्षीय सीपी राधाकृष्णन का राजनीतिक अनुभव उन्हें इस पद के लिए एक मजबूत उम्मीदवार बनाता है। तमिलनाडु के तिरुपुर जिले में जन्मे राधाकृष्णन ने 1974 में जनसंघ के साथ अपने राजनीतिक सफर की शुरुआत की थी। वह राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) से भी लंबे समय तक जुड़े रहे। 1998 और 1999 में वह तमिलनाडु के कोयंबटूर से लोकसभा सांसद चुने गए। इसके अलावा, वे राज्य स्तर पर तमिलनाडु भाजपा के अध्यक्ष भी रह चुके हैं।
हाल के वर्षों में उन्होंने प्रशासनिक जिम्मेदारियां भी बखूबी निभाई हैं। वह झारखंड और तेलंगाना के राज्यपाल रह चुके हैं। इसके अलावा पुडुचेरी के उपराज्यपाल के रूप में भी उन्होंने कार्य किया है। उनकी साफ-सुथरी छवि, संगठनात्मक क्षमता और अनुभव को देखते हुए बीजेपी ने उन्हें इस प्रतिष्ठित पद के लिए चुना है।
सहयोगी दलों का भी मिला समर्थन
Vice President Election 2025: सीपी राधाकृष्णन के नाम का ऐलान रविवार को बीजेपी संसदीय बोर्ड की बैठक के बाद किया गया था। इस बैठक में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृह मंत्री अमित शाह, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह सहित पार्टी के शीर्ष नेता मौजूद थे। नामांकन से पहले ही एनडीए के प्रमुख घटक दलों ने उनके समर्थन की घोषणा कर दी थी। इससे स्पष्ट हो गया कि एनडीए एकमत होकर इस चुनाव में उतर रहा है।