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CG News: ACM रैंक के नक्सली गंगा मुचाकी ने किया सरेंडर, साल के अंत में सबसे बड़ी मुठभेड़ की बताई आपबीती

नक्सली गंगा मुचाकी ने किया सरेंडर

दंतेवाड़ा. नक्सलियों के गढ़ माने जाने वाले छत्तीसगढ़ के दंतेवाड़ा औऱ सुकमा क्षेत्र से खबर है कि एक और नक्सली ने आत्मसमर्पण कर दिया है, ACM रैंक के नक्सली गंगा मुचाकी ने सरेंडर किया है, बीते समय से भाजपा शासन के आते ही नक्सली घटनाएं तेज जरुर हुई थी लेकिन शासन की सख्ती के बाद नक्सिलयों को भी लग रहा है कि समाज की मुख्यधारा से जुड़ना सही है इसलिए आत्मसमर्पण को नक्सली आगे आ रहे है.

साल के अंत में सबसे बड़ी मुठभेड़ हुई थी जिसमें 3 नक्सली मारे गए थे, 24 दिसंबर 2023 को कुन्नाडब्बा एनकाउंटर में पुलिस ने ACM (एरिया कमेटी मेंबर) रैंक के 3 हार्डकोर नक्सलियों को मार गिराया था, इन पर 15 लाख रुपए का इनाम था. इस मुठभेड़ में शामिल रहे ACM रैंक के नक्सली गंगा मुचाकी ने सरेंडर कर दिया है, मीडिया से बातचीत में उसने कहा कि 5 ACM समेत दूसरे कैडर के नक्सली मिलकर एक सेंट्रल कमेटी मेंबर को बॉर्डर पार करवा रहे थे, इसी बीच पुलिस से मुठभेड़ हुई थी.

नक्सली गंगा मुचाकी

सरेंडर नक्सली गंगा मुचाकी ने बताई कुन्नाडब्बा एनकाउंटर की कहानी
गंगा मुचाकी ने मीडिया से बातचीत में बताया कि वो कटेकल्याण इलाके के चिकपाल का रहने वाला है, साल 2010 में नक्सली प्रदीप गांव आया और उस पर दबाव बनाकर नक्सली संगठन में शामिल कर लिया, साल 2013 तक डुमाम LOS सदस्य मंगतू के साथ काम किया, फिर 2020 तक PLGA-26 में काम किया. नक्सलियों ने उसे ACM का रैंक दिया था, गंगा अपने पास पहले 12 बोर और फिर इंसास राइफल रखता था.

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21-22 दिसंबर को संगठन का एक सीसी मेंबर इसी इलाके के जंगल में थे, 5 ACM समेत 13 लोगों को जिम्मेदारी दी गई थी कि सीसी मेंबर को दंतेवाड़ा-सुकमा बॉर्डर पार कराएं, नक्सली गंगा मुचाकी जिसके बाद अंदरूनी इलाके में जंगल और पहाड़ के रास्ते होते हुए सीसी मेंबर को बॉर्डर क्रॉस करवाने निकले थे, 24 दिसंबर को कुन्नाडब्बा के पास पुलिस को आने की भनक पुलिस लग गई, सभी जंगल में बैठे हुए थे, इसी बीच पुलिस पहुंच गई, फिर फायरिंग हुई.

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दोनों तरफ से लगभग 1 घंटे तक गोलीबारी हुई, जिसमें 3 साथी मारे गए, जान बचाने सीसी मेंबर और बाकी साथी दूसरी तरफ भागे और नक्सली गंगा मुचाकी करीब 2 से 3 दिन तक जंगल में ही छुपा रहा, इसके बाद जनवरी 2024 में पुलिस के सामने आकर सरेंडर कर दिया.

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