Controversy regarding religious conversion in Chhattisgarh
बस्तर। छत्तीसगढ़ के बस्तर जिलें में शव दफनाने को लेकर दो पक्षों के बीच जमकर लाठी डंडे चले। इस विवाद में एक युवक की मौत हो गई वही कई लोग घायल हो गए। बताया जा रहा हैं कि यह मामला धर्म परिवर्तन से जुड़ा हुआ हैं। जिसमें आदिवासी लोग ईसाई समाज के लोगों को शव दफनाने से मना करने पर दौड़कर पीटा। पूरा मामला दंतेवाड़ा-बीजापुर के कौशलनार का हैं।
जानकारी के मुताबिक, कौशलनार के रहने वाले एक युवक फूलधर ने बताया कि वह कुछ साल पहले ईसाई धर्म में शामिल हुआ था, उसके साथ ही गांव के कुछ लोग भी इस धर्म से जुड़ गए। वही कुछ दिनों पहले गांव के सुकालु लेकामी (मसीह समाज) की बीमारी के चलते मौत हो गई। शव को दफनाने के लिए ले जाया गया।
Controversy regarding religious conversion in Chhattisgarh
शव दफनाने को लेकर दो पक्षों के बीच विवाद
इसके बाद गांव के कुछ आदिवासी समाज के लोग पहुंच गए और शव को दफनाने से मना करने लगे। इस पर दोनों पक्षों के बीच विवाद शुरू हो गया। फूलधर ने बताया कि विवाद इतना बढ़ गया कि गांव वालों ने 25 से 28 लोगों को दौड़ा- दौड़ाकर पीटने लगे जिसमें महिलाएं भी शामिल हैं। इस मारपीट में एक युवक की मौत हो गई। हांलाकि सुकालु लेकामी के शव को भी दफना दिया गया था।

आदिवासी नेता ने कहा- अपने धर्म में लौंटे
वही आदिवासी समाज के कार्यकारी अध्यक्ष राजा राम तोड़मे ने कहा कि- ‘जिन लोगों ने धर्म परिवर्तन किया हैं वे अपने धर्म में लौट आए नही तो, गांव में ऐसी स्थिति आगे भी बनी रहेगी।‘
Controversy regarding religious conversion in Chhattisgarh
ईसाई समुदाय के लोगों सड़को पर किया प्रदर्शन
इस घटना के बाद ईसाई समुदाय ने आदिवासी समाज के खिलाफ पुलिस में रिपोर्ट दर्ज कराई। लेकिन 23 सितंबर को ईसाई समाज के लोग सड़क पर प्रदर्शन करने लगे। उनका आरोप है कि पुलिस ने उनके खिलाफ धक्का-मुक्की का मामला दर्ज किया है, जिससे वे उचित कार्रवाई नहीं कर रहें हैं।


