BSNL-TATA Deal
देश में जो कोई नहीं करता, वह टाटा ग्रुप करके दिखा देती है। फिर चाहे बात टाटा स्टील की हो या भी टाटा समूह के अंतरिम चेयरमैन रतन टाटा के। कोविड 19 के समय टाटा समूह ने इस वैश्विक बीमारी से लड़ने के लिए 1500 करोड़ रुपये सरकार को दिए थे। इसके बाद ही देश की दूसरी कंपनियां आगे आई थी, और यह साबित हुआ कि जो कोई कंपनी नहीं करता, वह टाटा ग्रुप करती है।

प्राइवेट टेलीकॉम कंपनियों एयरटेल और जियो के रिचार्ज प्लान में बढ़ोतरी के बाद लोग बीएसएनएल की ओर बढ़ने लगे हैं। इतना ही नहीं एयरटेल और जियो यूजर्स तेजी से BSNL में अपना मोबाइल नंबर पोर्ट करा रहे हैं। इसको लेकर सोशल मीडिया पर भी खूब ट्रेंड्स भी चलाए जा रहे हैं।
सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक टाटा कंसल्टेसी सर्विस और बीएसएनएल के बीच 15 हजार करोड़ रुपये की डील भी हुई है। वही अब टीसीएस और बीएसएनएल मिलकर भारत के 1000 गांव तक 4G इंटरनेट सर्विस को रोलआउट करेंगी, जिससे आने वाले दिनों में लोगों को फास्ट स्पीड इंटरनेट सर्विस मिलेगी। साथ ही 5G नेटवर्क को लेकर जमीन तैयार करने का काम किया जा रहा है।
BSNL-TATA Deal
मौजूदा वक्त में 4G इंटरनेट सर्विस में जियो और एयरटेल का दबदबा है। हालांकि अगर BSNL मजबूत होता है, तो जियो और एयरटेल की टेंशन इससे बढ़ सकती है। टाटा भारत के लगभग चार क्षेत्रों में डेटा सेंटर बना रहा है, जो भारत के 4जी इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत करने में मदद करेगा। तो वही बीएसएनएल ने देश भर में 9000 से ज़्यादा 4जी नेटवर्क लगाए हैं, जिन्हें एक लाख तक बढ़ाने का लक्ष्य है।
जियो ने पिछले माह जून में अपने रिचार्ज प्लान में बढ़ोतरी करने का ऐलान किया था। जिसके तुरंत बाद एयरटेल और वीआई (VI) ने भी अपने प्लान में बढ़ोतरी कर दिया। प्राइस में सबसे ज्यादा बढ़ोतरी जियो ने की है। जियो ने एक बार में ही प्राइस में सीधे 12 से 25 प्रतिशत तक बढ़ा दिया है।
तो वहीं एयरटेल ने दामों में 11 से 21 प्रतिशत तक इजाफा किया है और वीआई ने 10 से 21 फीसदी तक बढ़ाया है। लेकिन सबसे ज्यादा गुस्सा लोगों का जियो को लेकर सोशल मीडिया पर निकल रहा है। इसी वजह से लोग अब BSNL की तरफ अपना रुख कर रहे है।

