रायपुर, 09 जून। राजधानी रायपुर स्थित पंडित रविशंकर शुक्ल विश्वविद्यालय में फीस बढ़ोतरी को लेकर बड़ा विवाद खड़ा हो गया है। परीक्षा और शैक्षणिक शुल्क में अचानक बढ़ोतरी के बाद अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) ने विश्वविद्यालय प्रशासन के खिलाफ कड़ा विरोध दर्ज कराया है।
छात्रों पर बढ़ा आर्थिक बोझ
ABVP का कहना है कि विश्वविद्यालय ने एक साथ भारी फीस बढ़ोतरी की है, जिससे छात्रों पर आर्थिक दबाव बढ़ जाएगा। संगठन के अनुसार सेमेस्टर परीक्षा फीस ₹1075 और वार्षिक परीक्षा फीस ₹1085 को बढ़ाकर सीधे ₹1580 कर दिया गया है, जिसे लगभग 46 प्रतिशत की वृद्धि बताया जा रहा है।
वेरिफिकेशन फीस पर भी आपत्ति
संगठन ने यह भी आरोप लगाया है कि मार्कशीट और सिलेबस वेरिफिकेशन फीस ₹5000 तय कर दी गई है, जो छात्रों और पूर्व छात्रों दोनों के लिए भारी बोझ है। यह फीस खासकर नौकरी आवेदन और एडमिशन प्रक्रिया के दौरान छात्रों पर अतिरिक्त दबाव डाल रही है।
ग्रामीण और मध्यमवर्गीय छात्रों पर असर
ABVP नेताओं का कहना है कि इस फैसले का सबसे अधिक असर गरीब, मध्यमवर्गीय और ग्रामीण क्षेत्रों से आने वाले छात्रों पर पड़ेगा। संगठन ने यह भी कहा कि शिक्षा को सुलभ बनाने की बात की जाती है, लेकिन लगातार फीस बढ़ोतरी से छात्रों पर बोझ बढ़ रहा है।
हर साल 5% फीस वृद्धि का भी विरोध
संगठन ने विश्वविद्यालय के उस निर्णय का भी विरोध किया है, जिसमें हर साल 5 प्रतिशत फीस बढ़ाने का प्रावधान किया गया है। ABVP ने इसे छात्रों के हितों के खिलाफ बताया है।
आंदोलन की चेतावनी
ABVP ने विश्वविद्यालय प्रशासन से बढ़ी हुई फीस वापस लेने और वेरिफिकेशन फीस कम करने की मांग की है। संगठन ने चेतावनी दी है कि यदि मांगें नहीं मानी गईं तो छात्र बड़े स्तर पर आंदोलन करेंगे।

