रायपुर, 16 मई| छत्तीसगढ़ में पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना को जन-आंदोलन बनाने की तैयारी तेज हो गई है मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने प्रदेश के सभी सांसदों और विधायकों से अपने निजी आवासों में रूफटॉप सोलर सिस्टम लगाकर जनता के सामने उदाहरण पेश करने की अपील की है। राज्य सरकार का मानना है कि जब जनप्रतिनिधि स्वयं हरित ऊर्जा को अपनाएंगे तो आम नागरिक भी बिजली बिल कम करने और स्वच्छ ऊर्जा की ओर प्रेरित होंगे।
नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग द्वारा सभी निकायों को जारी निर्देश में बताया गया है कि केंद्र सरकार के नवीन और नवीकरणीय ऊर्जा मंत्री प्रल्हाद जोशी ने मुख्यमंत्री को पत्र लिखकर योजना की दूसरी वर्षगांठ से पहले सभी सांसदों और विधायकों के घरों में सोलर पैनल लगाने का आग्रह किया है।
प्रदेश में योजना को लेकर लोगों की रुचि लगातार बढ़ रही है अप्रैल 2026 तक करीब 1.80 लाख उपभोक्ताओं ने योजना में पंजीयन कराया है। इनमें से 46 हजार 841 घरों में सोलर संयंत्र स्थापित किए जा चुके हैं, जबकि 2 हजार से अधिक उपभोक्ताओं का बिजली बिल अब पूरी तरह शून्य हो गया है।
योजना के तहत केंद्र सरकार 3 किलोवाट तक की क्षमता वाले सोलर सिस्टम पर 78 हजार रुपए तक की सब्सिडी दे रही है। वहीं, छत्तीसगढ़ सरकार 2 किलोवाट या उससे अधिक क्षमता वाले संयंत्र पर अतिरिक्त 30 हजार रुपए की वित्तीय सहायता उपलब्ध करा रही है।
इच्छुक नागरिक पीएम सूर्य घर ऐप या ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से आवेदन कर सकते हैं। साथ ही जरूरत पड़ने पर नजदीकी विद्युत वितरण कंपनी के अधिकारियों से भी सहायता ली जा सकती है। केंद्र सरकार का लक्ष्य वर्ष 2024 से 2027 के बीच देशभर के 1 करोड़ घरों में सोलर पैनल स्थापित करना है।

