रायपुर, 13 मई। Sushasan Tihar : मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में चल रहा ‘सुशासन तिहार’ अभियान अब ग्रामीणों की जिंदगी में सकारात्मक बदलाव ला रहा है। पहले जहां लोगों को सरकारी योजनाओं का लाभ लेने के लिए दफ्तरों के चक्कर लगाने पड़ते थे, वहीं अब प्रशासन खुद गांवों तक पहुंचकर समस्याओं का समाधान कर रहा है।
गांव के शिविर में कुछ ही मिनटों में बना आयुष्मान कार्ड
सरगुजा जिले के मैनपाट विकासखंड के नर्मदापुर गांव में आयोजित जन समस्या निवारण शिविर में ग्रामीण केदारनाथ यादव को आयुष्मान कार्ड का लाभ मिला। वर्षों से कार्ड बनवाने की सोच रहे केदारनाथ को उम्मीद नहीं थी कि गांव में लगे शिविर में ही उनका कार्ड इतनी आसानी से बन जाएगा।
दफ्तरों के चक्कर लगाने की चिंता हुई खत्म
केदारनाथ यादव ने बताया कि पहले उन्हें लगता था कि आयुष्मान कार्ड बनवाने के लिए शहर जाना पड़ेगा और लंबी प्रक्रिया से गुजरना होगा। जानकारी के अभाव में वे लंबे समय तक योजना से वंचित रहे। लेकिन शिविर में अधिकारियों ने तुरंत प्रक्रिया पूरी कर कुछ ही समय में उनका कार्ड तैयार कर दिया।
अब मिलेगा 5 लाख रुपये तक का कैशलेस इलाज
आयुष्मान कार्ड मिलने के बाद अब केदारनाथ और उनका परिवार सूचीबद्ध अस्पतालों में 5 लाख रुपये तक का कैशलेस इलाज करा सकेगा। ग्रामीण परिवारों के लिए यह सुविधा बड़ी राहत मानी जा रही है। केदारनाथ ने मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय और जिला प्रशासन का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि गांव में शिविर लगाकर योजनाओं का लाभ देना सराहनीय पहल है।
गांव-गांव पहुंच रही शासन की योजनाएं
राज्य सरकार का उद्देश्य है कि कोई भी पात्र हितग्राही सरकारी योजनाओं से वंचित न रहे। ‘सुशासन तिहार’ अभियान के माध्यम से प्रशासन गांव-गांव पहुंचकर लोगों की समस्याओं का समाधान कर रहा है और योजनाओं का लाभ सीधे ग्रामीणों तक पहुंचा रहा है। इससे ग्रामीणों का शासन के प्रति भरोसा भी मजबूत हो रहा है।

