Khadi Gramodyog Scam : आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को मिली घटिया साड़ी…! ₹9.7 करोड़ खर्च…500 की जगह 250 वाली क्वालिटी…जांच के आदेश
Shubhra Nandi
Khadi Gramodyog Scam
रायपुर/बिलासपुर, 09 अप्रैल। Khadi Gramodyog Scam : छत्तीसगढ़ के महिला एवं बाल विकास विभाग में साड़ी खरीदी को लेकर बड़ा घोटाला सामने आया है। करीब 9.7 करोड़ रुपये खर्च कर खरीदी गई साड़ियां अब गुणवत्ता और माप में गंभीर खामियों के चलते विवादों में हैं।
वर्ष 2024-25 के लिए प्रदेश की 1.94 लाख आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं के लिए साड़ी खरीदी गई थी। प्रति साड़ी 500 रुपये के हिसाब से यह पूरा टेंडर खादी एवं ग्रामोद्योग को दिया गया था।
वर्क ऑर्डर के अनुसार साड़ी की लंबाई 6.3 मीटर तय थी, लेकिन जमीनी हकीकत इससे बिल्कुल अलग निकली। कई जिलों में कार्यकर्ताओं को 5.5 मीटर से कम, यहां तक कि सिर्फ 5 मीटर की साड़ी दी गई।
बड़ा खुलासा
बिलासपुर के मंगला, निरतू, घूटकू और गनियारी केंद्रों में जब साड़ियों की जांच की गई तो चौंकाने वाले तथ्य सामने आए, पानी में डालते ही साड़ी का रंग उतर गया। साड़ी सिकुड़कर और छोटी हो गई। कपड़ा इतना पतला कि पहनना मुश्किल। बाजार में कीमत 250 रुपये से भी कम बताई जा रही। करीब 1930 महिलाओं ने साड़ियों की गुणवत्ता पर गंभीर सवाल उठाए हैं और इनका उपयोग बंद कर दिया है।
विरोध और जांच
आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं ने सामूहिक हस्ताक्षर कर साड़ियां वापस लेने की मांग की है। उनका कहना है कि यूनिफॉर्म उनके सम्मान से जुड़ी होती है। मामले की गंभीरता को देखते हुए विभाग की संचालक ने जांच कमेटी गठित की है। प्रारंभिक रिपोर्ट में गड़बड़ी की पुष्टि भी हुई है।
भुगतान पर रोक, ठेकेदार ब्लैकलिस्ट की तैयारी
विभाग ने खादी ग्रामोद्योग को भुगतान रोकने के निर्देश दिए हैं। साथ ही दोषपूर्ण साड़ियों को बदलने और संबंधित ठेकेदार को ब्लैकलिस्ट करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। महिला एवं बाल विकास मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े ने भी माना है कि कई जगहों से गुणवत्ता को लेकर शिकायतें मिली हैं और दोषी पाए जाने पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।