रायपुर, 29 मार्च। Khelo India Tribal Games 2026 में छत्तीसगढ़ की प्रतिभाशाली खिलाड़ी निकिता ने शानदार प्रदर्शन करते हुए महिला 77 किलोग्राम भारोत्तोलन वर्ग में स्वर्ण पदक जीतकर राज्य को पहली स्वर्णिम सफलता दिलाई है, जिससे पूरे प्रदेश में उत्साह और गर्व का वातावरण बन गया है। राजधानी रायपुर स्थित पंडित रविशंकर शुक्ल विश्वविद्यालय परिसर में आयोजित इस प्रतिष्ठित प्रतियोगिता में निकिता ने अपने दमदार खेल से सभी का ध्यान आकर्षित किया और इतिहास रच दिया।
संतुलित और प्रभावशाली प्रदर्शन के साथ कुल 160 किलोग्राम वजन उठाकर प्रतिद्वंद्वियों को छोड़ा पीछे
प्रतियोगिता के दौरान निकिता ने स्नैच में 70 किलोग्राम और क्लीन एंड जर्क में 90 किलोग्राम वजन उठाते हुए कुल 160 किलोग्राम का उत्कृष्ट प्रदर्शन किया। उनके इस संतुलित और सटीक प्रयास ने उन्हें अन्य प्रतियोगियों से काफी आगे कर दिया और उन्होंने पूरे आत्मविश्वास के साथ स्वर्ण पदक अपने नाम किया। उनके खेल में तकनीक, ताकत और मानसिक दृढ़ता का बेहतरीन समन्वय देखने को मिला।
अन्य राज्यों के खिलाड़ियों ने भी किया अच्छा प्रदर्शन, लेकिन निकिता रहीं सबसे आगे
इस स्पर्धा में ओडिशा की श्रीमती जानी ने 126 किलोग्राम वजन उठाकर दूसरा स्थान प्राप्त किया, जबकि असम की जॉयश्री पाटिर ने 118 किलोग्राम के साथ तीसरा स्थान हासिल किया। हालांकि दोनों खिलाड़ियों ने अच्छा प्रदर्शन किया, लेकिन निकिता की श्रेष्ठता पूरे मुकाबले में स्पष्ट रूप से दिखाई दी।
स्वर्णिम सफलता से पूरे छत्तीसगढ़ में खुशी की लहर, खिलाड़ियों के लिए बनी प्रेरणा
निकिता की इस ऐतिहासिक जीत से पूरे राज्य में खुशी की लहर दौड़ गई है। खेल प्रेमियों, प्रशिक्षकों और अधिकारियों ने उनकी कड़ी मेहनत, समर्पण और आत्मविश्वास की सराहना करते हुए इसे छत्तीसगढ़ के खेल इतिहास की एक बड़ी उपलब्धि बताया है। उनकी यह सफलता राज्य के अन्य युवा खिलाड़ियों के लिए प्रेरणा का स्रोत बनेगी और उन्हें भी खेल के क्षेत्र में आगे बढ़ने के लिए प्रोत्साहित करेगी।
जनजातीय खिलाड़ियों को मिल रहा राष्ट्रीय मंच, राज्य की खेल प्रतिभाओं को मिल रही नई पहचान
खेलो इंडिया ट्राइबल गेम्स 2026 के माध्यम से देशभर के जनजातीय खिलाड़ियों को अपनी प्रतिभा दिखाने का एक महत्वपूर्ण मंच मिला है। ऐसे में निकिता का यह स्वर्ण पदक केवल व्यक्तिगत उपलब्धि नहीं, बल्कि छत्तीसगढ़ के खेल क्षेत्र की बढ़ती ताकत और संभावनाओं का प्रतीक बनकर उभरा है, जो आने वाले समय में और भी बड़ी सफलताओं का मार्ग प्रशस्त करेगा।

