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PM Matritva Vandana Yojana : गर्भवती माताओं के लिए संजीवनी बनी योजना…छत्तीसगढ़ देश में पहले स्थान पर

PM Matritva Vandana Yojana: A Lifeline for Pregnant Mothers... Chhattisgarh Ranks First in the Country

PM Matritva Vandana Yojana

रायपुर, 17 मार्च। PM Matritva Vandana Yojana : गर्भावस्था के दौरान माताओं को पोषण, स्वास्थ्य सेवाएं और आर्थिक सहयोग उपलब्ध कराने में प्रधानमंत्री मातृत्व वंदना योजना (PMMVY) प्रभावी साबित हो रही है। इस योजना के माध्यम से प्रदेश की हजारों महिलाओं को सहायता मिल रही है, जिससे सुरक्षित मातृत्व को बढ़ावा मिल रहा है।

बलरामपुर की शशी को मिला योजना का लाभ

बलरामपुर जिले के विकासखंड राजपुर अंतर्गत आंगनबाड़ी केंद्र कोडाकुपारा की निवासी शशी को भी इस योजना से बड़ी राहत मिली है। सीमित आय वाले परिवार से संबंध रखने वाली शशी के लिए गर्भावस्था के दौरान पोषण और स्वास्थ्य संबंधी जरूरतों को पूरा करना आसान नहीं था। मजदूरी पर निर्भर रहने के कारण अतिरिक्त खर्च की चिंता बनी रहती थी।

5 हजार रुपये की मिली आर्थिक सहायता

प्रधानमंत्री मातृत्व वंदना योजना के तहत शशी को कुल 5 हजार रुपये की आर्थिक सहायता मिली। इसमें पहली किश्त के रूप में 3 हजार रुपये और दूसरी किश्त के रूप में 2 हजार रुपये सीधे उनके बैंक खाते में जमा किए गए। इस सहायता राशि से उन्होंने पौष्टिक आहार लिया और समय-समय पर स्वास्थ्य जांच कराई।

स्वस्थ बालिका का हुआ जन्म

आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के मार्गदर्शन और बेहतर देखभाल के कारण शशी ने एक स्वस्थ बालिका को जन्म दिया, जिसका जन्म के समय वजन 2.8 किलोग्राम रहा। वर्तमान में नियमित स्तनपान और संतुलित देखभाल से शिशु का विकास स्वस्थ रूप से हो रहा है और परिवार में खुशी का माहौल है।

राष्ट्रीय रैंकिंग में छत्तीसगढ़ पहले स्थान पर

प्रदेश में प्रधानमंत्री मातृत्व वंदना योजना का प्रभावी क्रियान्वयन किया जा रहा है। इसी का परिणाम है कि फरवरी 2026 की स्टेट-वाइज राष्ट्रीय रैंकिंग में छत्तीसगढ़ ने बड़े राज्यों की श्रेणी में देश में पहला स्थान प्राप्त किया है। जारी आंकड़ों के अनुसार राज्य में 93.37 प्रतिशत नामांकन, 83.87 प्रतिशत स्वीकृति दर और 93.95 प्रतिशत शिकायतों के त्वरित समाधान के साथ उत्कृष्ट प्रदर्शन किया गया है। वित्तीय वर्ष 2025-26 में अब तक राज्य में 1 लाख 86 हजार 586 गर्भवती महिलाओं का पंजीयन किया जा चुका है और 72 करोड़ 24 लाख 89 हजार रुपये की राशि सीधे हितग्राही महिलाओं के बैंक खातों में अंतरित की जा चुकी है।

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