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PM Awaas Yojana : पीएम आवास योजना से महिलाओं को मिला घर का मालिकाना अधिकार…मनरेगा से महिलाओं की आय में हो रहा इजाफा

PM Awaas Yojana: Women got ownership rights of their house through PM Awas Yojana…MNREGA is increasing the income of women.

PM Awaas Yojana

रायपुर, 10 मार्च। PM Awaas Yojana : अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर रायगढ़ जिले में महिलाओं के आर्थिक और सामाजिक सशक्तिकरण की दिशा में शासन की योजनाओं के सकारात्मक परिणाम सामने आए हैं। प्रशासन के समन्वित प्रयासों से महिलाएं अब आत्मनिर्भरता की ओर तेजी से आगे बढ़ रही हैं और विभिन्न योजनाओं का लाभ लेकर अपने जीवन में बदलाव ला रही हैं।

पीएम आवास योजना से महिलाओं को मिला घर का मालिकाना अधिकार

वित्तीय वर्ष 2025-26 में प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के तहत जिले में कुल 9,679 आवास स्वीकृत किए गए हैं, जिनमें से 2,076 आवास महिलाओं के नाम पर स्वीकृत हुए हैं। इससे महिलाओं को अपने घर का मालिकाना अधिकार मिला है, जिससे उन्हें सामाजिक सम्मान, सुरक्षा और आत्मविश्वास का नया आधार प्राप्त हुआ है।

पीएम जनमन योजना में भी महिलाओं को प्राथमिकता

इसी प्रकार पीएम जनमन योजना के अंतर्गत विशेष पिछड़ी जनजातियों के लिए स्वीकृत 173 आवासों में से 85 आवास महिलाओं के नाम पर स्वीकृत किए गए हैं। इससे जनजातीय क्षेत्रों में भी महिलाओं के सशक्तिकरण को बढ़ावा मिला है।

मनरेगा से बढ़ रही महिलाओं की आय

मनरेगा योजना के अंतर्गत आजीविका संवर्धन के लिए जिले में 428 आजीविका डबरी स्वीकृत की गई हैं, जिनमें से 55 डबरी का निर्माण पूरा हो चुका है। प्रत्येक डबरी से एक महिला को जोड़ा जा रहा है, जिसके माध्यम से वे सब्जी उत्पादन, मत्स्य पालन और अन्य कृषि आधारित गतिविधियों से जुड़कर अपनी आय बढ़ा रही हैं।

कौशल विकास प्रशिक्षण से बढ़ रही भागीदारी

महिलाओं के कौशल विकास के लिए जिले में प्रोजेक्ट उन्नति 2.0 के तहत प्रशिक्षण कार्यक्रम संचालित किए जा रहे हैं। आरसेटी, कृषि विज्ञान केंद्र तथा डीडीयू-जीकेवाय के माध्यम से महिलाओं को राजमिस्त्री सहित विभिन्न तकनीकी कौशलों का प्रशिक्षण दिया जा रहा है। इन प्रशिक्षण कार्यक्रमों में महिलाओं की भागीदारी 55 प्रतिशत से अधिक दर्ज की गई है।

स्वरोजगार और उद्यमिता की ओर बढ़ रहे कदम

विभिन्न योजनाओं के प्रभावी एकीकरण से जिले की महिलाएं अब केवल हितग्राही बनकर नहीं रह गई हैं, बल्कि स्वरोजगार और उद्यमिता की दिशा में भी सशक्त कदम बढ़ा रही हैं। प्रशासन के प्रयासों से महिलाओं में आत्मनिर्भरता और आर्थिक सशक्तिकरण की नई संभावनाएं विकसित हो रही हैं।

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