Site icon AB News.Press

CG Govt. : सुदूर वनांचलों तक पहुँची संवेदनशील शासन की रोशनी…401 दिव्यांगजनों को मिला आत्मनिर्भरता का सहारा

CG Govt.: The light of sensitive governance reaches remote forest areas... 401 disabled people get support towards self-reliance

CG Govt.

रायपुर, 24 फरवरी। CG Govt. : छत्तीसगढ़ सरकार की समावेशी और संवेदनशील नीतियों का प्रभाव अब सुदूर वनांचलों तक स्पष्ट रूप से दिखाई दे रहा है। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व और समाज कल्याण मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े के मार्गदर्शन में दिव्यांगजनों के सशक्तिकरण की दिशा में राज्यभर में ठोस कदम उठाए जा रहे हैं। इसी क्रम में सुकमा जिले में आयोजित तीन दिवसीय विशेष दिव्यांग सशक्तिकरण शिविर में 401 दिव्यांगजनों को आधुनिक सहायक उपकरण प्रदान कर आत्मनिर्भरता की नई राह दिखाई गई। सुकमा के शबरी ऑडिटोरियम में 20 से 22 फरवरी तक आयोजित इस शिविर में कोंटा, छिंदगढ़ और सुकमा विकासखंड के हितग्राहियों का चिन्हांकन कर उन्हें आवश्यक उपकरण मौके पर ही उपलब्ध कराए गए। यह शिविर केवल वितरण कार्यक्रम नहीं, बल्कि सामाजिक समावेशन और सम्मानजनक जीवन की दिशा में राज्य सरकार की प्रतिबद्धता का प्रतीक बना। शिविर में भगवान महावीर  विकलांग सहायता समिति  जयपुर के विशेषज्ञों द्वारा आधुनिक “जयपुर फुट”, कृत्रिम हाथ, कृत्रिम पैर सहित विभिन्न सहायक उपकरण तैयार कर वितरित किए गए। वर्षों से बैसाखियों के सहारे चल रहे कई हितग्राहियों को जब आधुनिक कृत्रिम अंग मिले, तो उनके चेहरे पर आत्मविश्वास और नई उम्मीद साफ झलक रही थी। ट्राइसिकल, व्हीलचेयर, श्रवण यंत्र, छड़ी, स्टिक और बैसाखी जैसे उपकरण शिविर स्थल पर ही प्रदान किए गए।आर्टिफिशियल कैलिपर्स के लिए माप लेकर शीघ्र वितरण की प्रक्रिया भी प्रारंभ कर दी गई है। समाज कल्याण विभाग की नोडल अधिकारी सुश्री मधु तेता ने बताया कि शिविर में 213 दिव्यांगजनों के प्रमाण-पत्र हेतु आवेदन भी लिए गए, ताकि वे राज्य शासन की अन्य कल्याणकारी योजनाओं का लाभ प्राप्त कर सकें। यह पहल दिव्यांगजनों को समाज की मुख्यधारा से जोड़ने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की मंशा है कि राज्य का कोई भी नागरिक अपनी शारीरिक बाधा के कारण अवसरों से वंचित न रहे। समाज कल्याण मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े ने भी दिव्यांगजनों के सशक्तिकरण को प्राथमिकता देते हुए विभागीय योजनाओं को अधिक प्रभावी ढंग से धरातल पर उतारने के निर्देश दिए हैं। सुकमा का यह शिविर राज्य स्तर पर दिव्यांग सशक्तिकरण के व्यापक अभियान की कड़ी है।
Exit mobile version