रायपुर, 23 दिसंबर। Chhattisgarh Bandh : कांकेर जिले के बड़े तेवड़ा गांव में धर्मांतरित व्यक्ति के शव दफन को लेकर हुए विवाद के बाद सर्व समाज छत्तीसगढ़ ने 24 दिसंबर को प्रदेश बंद की घोषणा की है। इस बंद को छत्तीसगढ़ चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज का भी समर्थन मिला है।
इस संबंध में सोमवार को प्रदेश अध्यक्ष सतीश थौरानी की अध्यक्षता में चैंबर के प्रदेश कार्यालय में व्यापारिक संगठनों और पदाधिकारियों की एक अहम बैठक आयोजित की गई। बैठक में कांकेर जिले के आमाबेड़ा क्षेत्र में मिशनरियों द्वारा स्थानीय जनजाति समाज पर कथित रूप से किए गए हमले और प्रशासन के भेदभावपूर्ण रवैये को लेकर गहरा रोष व्यक्त किया गया।
बैठक की शुरुआत में चैंबर प्रदेश महामंत्री अजय भसीन ने पदाधिकारियों को आमाबेड़ा की घटना की विस्तृत जानकारी दी। इसके बाद चर्चा के दौरान चैंबर ने बंद को लेकर पूरी ताकत से समर्थन देने का निर्णय लिया।
प्रदेश की शांति के लिए खतरा: संरक्षक
पूर्व विधायक एवं चैंबर संरक्षक श्रीचंद सुंदरानी ने घटना को अत्यंत दर्दनाक बताते हुए कहा कि प्रदेश में बढ़ती धर्मांतरण की घटनाएं सामाजिक सौहार्द और शांति के लिए गंभीर खतरा हैं। उन्होंने सुझाव दिया कि बंद को इस तरह सुनियोजित किया जाए कि ट्रांसपोर्ट और कच्चे माल से जुड़े व्यापारियों को न्यूनतम आर्थिक नुकसान हो, लेकिन विरोध का संदेश पूरी मजबूती से सामने आए।
वहीं, पूर्व विधायक लाभचंद बाफना ने कहा कि यह बंद केवल रायपुर तक सीमित नहीं रहना चाहिए, बल्कि प्रदेश की हर इकाई और छोटे से छोटे व्यापारी तक इसकी पहुंच होनी चाहिए, ताकि एकता का संदेश पूरे देश में जाए।
सड़कों पर उतरेंगे व्यापारी
बैठक में सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि व्यापारी वर्ग इस घटना के विरोध में सड़कों पर उतरकर प्रदर्शन करेगा। समाज विरोधी घटनाओं के खिलाफ व्यापारी मुख्य चौराहों पर एकत्र होकर अपना आक्रोश व्यक्त करेंगे। भाटागांव व्यापारी संघ के अध्यक्ष ने बंद को पूर्ण समर्थन देने की घोषणा करते हुए कहा कि इस विषय को लेकर कलेक्टर को ज्ञापन भी सौंपा जाएगा।

