Site icon AB News.Press

Crushed the Calf : CCTV में कैद हुआ अमानवीय कृत्य…! सड़क पर बैठे निर्दोष बछड़े को जानबूझकर रौंद दिया…मौके पर ही दर्दनाक मौत…Video

Crushed the Calf : Inhuman act caught on CCTV...! Innocent calf sitting on the road was deliberately trampled...painful death on the spot...Video

Crushed the Calf

झांसी, 12 सितंबर। Crushed the Calf : उत्तर प्रदेश के झांसी जिले से एक दिल दहला देने वाली अमानवीय घटना सामने आई है। प्रेमनगर थाना क्षेत्र अंतर्गत पुलिया नंबर 9, सुभाष स्कूल के पास, एक थार वाहन चालक ने सड़क पर बैठे निर्दोष बछड़े को जानबूझकर रौंद दिया, जिससे उसकी मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई।

CCTV में कैद हुआ अमानवीय कृत्य

स्थानीय लोगों के अनुसार, घटना दिन के समय की है जब बछड़ा सड़क किनारे बैठा था। तभी तेज रफ्तार में एक थार गाड़ी आई और चालक ने जानबूझकर वाहन मोड़कर बछड़े को कुचल दिया। प्रत्यक्षदर्शियों का दावा है कि घटना पूरी तरह से इरादतन थी, न कि दुर्घटनावश। घटना का वीडियो सीसीटीवी कैमरे में कैद हुआ है, जो अब सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है और लोगों में गहरा आक्रोश देखा जा रहा है।

पशु प्रेमियों में आक्रोश

इस अमानवीय कृत्य के बाद स्थानीय पशु प्रेमी संगठनों और नागरिकों ने थाना प्रेमनगर पहुंचकर विरोध दर्ज कराया और आरोपी के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की मांग की। लोगों ने कहा कि, सड़क पर बैठे किसी बेजुबान जानवर को रौंद देना किसी इंसानियत का काम नहीं। यह न सिर्फ पशु क्रूरता है, बल्कि समाज के लिए खतरे की घंटी भी।

आरोपी गिरफ्तार

थाना प्रेमनगर पुलिस ने घटना की पुष्टि करते हुए बताया कि, मामले की जांच शुरू कर दी गई है। सीसीटीवी फुटेज के आधार पर थार गाड़ी और उसके चालक की पहचान की गई है। पुलिस ने जालौन के रहने वाले आरोपी चालक हरिशंकर उर्फ आनंद को रॉयल सिटी D-156 झांसी से गिरफ्तार कर लिया। उसे थार गाड़ी को भी सीज़ कर लिया गया है जिससे बछड़े को कुचला गया था। इसके साथ ही तीन अन्य आरोपियों पर भी संबंधित धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज कर कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी गई है।

पशु क्रूरता कानून के तहत सख्त सजा की मांग

घटना ने एक बार फिर पशु संरक्षण कानूनों की प्रभावशीलता और लागू होने की गंभीरता पर सवाल खड़े कर दिए हैं। सामाजिक कार्यकर्ता मांग कर रहे हैं कि, ऐसे मामलों में सिर्फ एफआईआर ही नहीं, बल्कि कठोर दंड और सामाजिक बहिष्कार जैसी कार्रवाई भी होनी चाहिए।
 
Exit mobile version