रायपुर। chhattisgarh Liquor Scam: छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल को शराब घोटाले मामले में सुप्रीम कोर्ट से कोई राहत नहीं मिली है। बघेल की ओर से दायर अग्रिम जमानत याचिका पर सुनवाई करते हुए सुप्रीम कोर्ट ने उन्हें उचित मंच – यानी हाईकोर्ट जाने की सलाह दी है। कोर्ट ने स्पष्ट किया कि पहले उन्हें निचली अदालतों से ही राहत की कोशिश करनी चाहिए।यह फैसला ईडी द्वारा दर्ज मनी लॉन्ड्रिंग मामले के संदर्भ में आया है, जिसमें बघेल पर कथित रूप से घोटाले से जुड़े आर्थिक लाभ लेने के आरोप हैं।
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चैतन्य बघेल की रिमांड बढ़ी
chhattisgarh Liquor Scam: वहीं इस मामले में गिरफ्तार चैतन्य बघेल, जो भूपेश बघेल के बेटे हैं, की न्यायिक रिमांड 14 दिन के लिए और बढ़ा दी गई है। उन्हें प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने शराब घोटाले में कथित संलिप्तता के आरोप में गिरफ्तार किया था। विशेष अदालत में पेशी के बाद कोर्ट ने रिमांड बढ़ाने की मंजूरी दी। चैतन्य बघेल इस समय जेल में हैं और ईडी उनसे शराब घोटाले में धन शोधन से जुड़ी जानकारियाँ जुटाने का प्रयास कर रही है।

