ATS-DRI raid Ahmedabad flat : स्टॉक ब्रोकर या तस्कर? DRI और ATS की दबिश से खुला ‘सोने का दरवाजा’, अहमदाबाद के फ्लैट में मिला करोड़ों का माल

ATS-DRI raid Ahmedabad flat : स्टॉक ब्रोकर या तस्कर? DRI और ATS की दबिश से खुला ‘सोने का दरवाजा’, अहमदाबाद के फ्लैट में मिला करोड़ों का माल

ATS-DRI raid Ahmedabad flat

अहमदाबाद। गुजरात की आर्थिक राजधानी अहमदाबाद में सोमवार दोपहर एक बड़े खुलासे ने सभी को हैरान कर दिया। शहर के पॉश इलाके पालडी स्थित आविष्कार अपार्टमेंट के एक बंद फ्लैट से डायरेक्टोरेट ऑफ रेवेन्यू इंटेलिजेंस (DRI) और एंटी टेररिज्म स्क्वॉड (ATS) ने संयुक्त छापेमारी में ऐसा ‘खजाना’ बरामद किया, जिसने जांच अधिकारियों को भी स्तब्ध कर दिया।

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25 अफसरों ने मिलकर तोड़ी चुप्पी, बंद बक्से से निकला 95.5 किलो सोना

सूत्रों से मिली पुख्ता जानकारी के आधार पर, सोमवार दोपहर लगभग 1 बजे जांच एजेंसियों की टीम ने फ्लैट नंबर 104 में दबिश दी। फ्लैट काफी समय से बंद था और इसका मालिक बताया जा रहा है महेंद्र शाह और मेघ शाह, जो कि पेशे से स्टॉक मार्केट ऑपरेटर हैं। फ्लैट में दाखिल होते ही टीम को एक बक्सा मिला, जिसे खोलने पर 95.5 किलो सोने के बिस्किट, भारी मात्रा में जेवरात और 60 से 70 लाख रुपये नकद मिले। इस पूरी बरामदगी की अनुमानित कीमत ₹83 से ₹85 करोड़ रुपये आंकी गई है।

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जांच में जुटी एजेंसियां, सोने की तस्करी का बड़ा जाल?

बरामद सोना और नकदी को मौके पर ही कैश गिनने की मशीनों और इलेक्ट्रिक तराजू से जांचा गया। अधिकारियों ने पूरी प्रक्रिया को कैमरे में रिकॉर्ड कर सीज कर दिया है। फिलहाल महेंद्र शाह और मेघ शाह से पूछताछ जारी है। प्रमुख सवाल है — इतनी भारी मात्रा में सोना कहां से आया और इसका उद्देश्य क्या था? क्या यह मामला हवाला, मनी लॉन्ड्रिंग या अंतरराष्ट्रीय तस्करी से जुड़ा है?

गुजरात की सबसे बड़ी बरामदगी में से एक

यह बरामदगी हाल के वर्षों में गुजरात में हुई सबसे बड़ी कार्रवाइयों में से एक मानी जा रही है। सूत्रों के अनुसार, छापेमारी अभी भी जारी है और फ्लैट से और भी महत्वपूर्ण दस्तावेज व सामग्रियों की बरामदगी की संभावना है।

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एजेंसियों का फोकस अब इस ‘सोने के खजाने’ की मालिकाना हक, सोर्स ऑफ फंडिंग और स्टॉक मार्केट लिंक की पड़ताल पर है। क्या महेंद्र शाह और मेघ शाह के माध्यम से कोई बड़ा नेटवर्क काम कर रहा था? इसका खुलासा आने वाले दिनों में होने की संभावना है।

अब बड़ा सवाल – क्या ये सिर्फ एक स्टॉक ब्रोकर का खेल है, या पीछे है कोई बड़ा सिंडिकेट?

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