Bangladesh political violence
भारत-बांग्लादेश सीमा पर ‘हाई अलर्ट’ जारी किया गया है। बांग्लादेश में हुई हिंसा और प्रधानमंत्री शेख हसीना के इस्तीफा देने के बाद रक्षा मंत्रालय ने उत्तर 24 परगना जिला और सुंदरबन इलाकों में सुरक्षा बलों की संख्या बढ़ा दी गई है। उधर, अरुणाचल प्रदेश समेत पूर्वोत्तर के राज्यों में भी अतिरिक्त बल तैनात किया गया है।
किसी भी अप्रत्याशित घटना से निपटने के लिए सतर्कता बरती जा रही है। बता दें कि सोमवार सुबह से बांग्लादेश में हिंसा हो रही है। यहां प्रदर्शनकारी छात्र पीएम हाउस में घुस कर जमकर उत्पात मचाया है। बांग्लादेश में आरक्षण के मुद्दे पर शुरू हुआ विरोध प्रदर्शन हिंसा के बाद शेख हसीना की सत्ता के खिलाफ हो गया।
Bangladesh political violence
सड़कों पर जनसैलाब उमड़ आया और हसीना पर दबाव लगातार बढ़ता गया। जिसके बाद शेख हसीना ने सोमवार को प्रधानमंत्री पद से इस्तीफा दे दिया और ढाका छोड़कर भारत आ गई हैं। यहां से हसीना के लंदन जाने की संभावना बताई जा रही है। अब उनके बेटे का एक बड़ा बयान सामने आया है।
शेख हसीना के बेटे सजीब वाजेद जॉय का ने कहा कि उनकी मां (शेख हसीना) राजनीति में नहीं लौटेंगी। उन्होंने बांग्लादेश की भलाई के लिए प्रयास किए, फिर भी उनके के खिलाफ विद्रोह हुआ, इससे वे बहुत ही ज्यादा निराश हैं। आपको बता दें कि शेख हसीना 76 साल की हो चुकी हैं।
वही आगे जॉय ने बताया कि उनकी मां शेख हसीना ने 15 साल तक बांग्लादेश पर शासन किया। लेकिन वह निराश थीं कि एक छोटा सा समूह उनके खिलाफ खड़ा हो गया। जॉय ने कहा कि शेख हसीना ने बांग्लादेश का कायापलट कर दिया है। जब उनकी मां ने सत्ता संभाली थी, तो इसे एक असफल देश माना जाता था। यह एक गरीब देश था। लेकिन आज इसे एशिया का सबसे उभरता देश माना जाने लगा है।
शेख हसीना के आलोचकों ने उन पर भ्रष्टाचार, भाई-भतीजावाद और नागरिक स्वतंत्रता में कटौती का आरोप लगाया है। लोगों का आरोप है कि हसीना की नीतियों ने देश की तरक्की और आर्थिक प्रगति को नुकसान पहुंचाया है।
Bangladesh political violence
हालांकि, जॉय ने बांग्लादेश की सरकार पर छात्रों के खिलाफ दमन के आरोपों को खारिज करते हुए कहा “अकेले रविवार को ही 13 पुलिस वालों को भीड़ ने पीट-पीट मार डाला। ऐसे में आप पुलिस से क्या उम्मीद करते हैं?”
इस बीच बांग्लादेश में बदले राजनीतिक हालात के बीच सीमा सुरक्षा बल (BSF) ने आज बांग्लादेश के साथ लगी 4,096 किलोमीटर लंबी भारत-बांग्लादेश सीमा पर अपनी सभी यूनिट को हाई अलर्ट जारी कर दिया है। दूसरी ओर, रेलवे अधिकारियों ने बताया कि भारत और बांग्लादेश के बीच सभी रेल सेवाएं अनिश्चितकाल के लिए स्थगित कर दी गई हैं।
रेल मंत्रालय की ओर से जारी बयान के अनुसार, मैत्री एक्सप्रेस, बंधन एक्सप्रेस और मिताली एक्सप्रेस ने इस साल जुलाई के मध्य में आखिरी बार चक्कर लगाए थे। लेकिन इसके बाद बांग्लादेश में भड़के हिंसक प्रदर्शनों की वजह से उन्हें रद्द कर दिया गया है।

